From the
issue of Sudharma, dated November 14, 2014
(Original
text of the news article, with some corrections)
नेहरूजन्मदिनम्
भारतवर्षस्य प्रथमः प्रधानमन्त्री पण्डितो जवाहरलालनेहरूः नवम्बरमासस्य चतुर्दशे दिवसे संजातः। देशे विदेशे च लब्धविद्याभ्यासः नेहरूः भारतप्रजानां सर्वतोमुख्यै अभिवृद्ध्यै सदा अश्राम्यत्। नवभारतशिल्पी इति स वर्णितः इतिहासज्ञैः। तस्य जन्मदिनं शिशूनां दिनमिति आचर्यते। शिशूषु नेहरूमहाशस्य असीमा प्रेमा तत्र कारणम्। प्रजातन्त्रव्यवस्थायां जात्यतीतत्वे च तस्य अचलो विश्वास आसीत्। विज्ञानाधारेण देशस्य प्रगतिः साधनीया इति स पुनः पुनः ब्रवीति स्म। वैज्ञानिकं मनोभावं जनेषु जनयितुं तेन बहुधा प्रयतितम्।
नेहरूमहाशयः श्रेष्ठो लेखकश्चासीत्। आंग्लभाषायां तस्य प्रभुत्वं प्रश्नातीतम्। तस्य ग्रन्थानां पठनेन भारतदेशस्येतिहासः स्पष्टं ज्ञायते। सर्वेषु मतधर्मेषु समानं गौरवं रक्षणीयमिति तत्वं तेन राष्ट्रनायकेन तत्र प्रतिपादितम्।
नेहरू का जन्मदिन
भारतवर्ष के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू का जन्म नवंबर महीने की चैदह तारीख को हुआ था। देश और विदेश में शिक्षाप्राप्त नेहरू भारतवासियों के सर्वमुखी विकास के लिए सदा श्रम करते रहे। इतिहासकार उन्हें नए भारत का शिल्पी कहते हैं। उनका जन्मदिन बाल-दिवस के रूप में मनाया जाता है। बच्चों में नेहरू का असीम प्रेम इसका कारण है। प्रजातंत्र व्यवस्था में और जातिप्रथा की समाप्ति में में उनका अचल विश्वास था। विज्ञान के आधार पर देश की प्रगति होनी चाहिए, ऐसा वे प्रायः कहते थे। वैज्ञानिक मनोभाव लोगों में जागृत करने का उन्होंने बहुधा प्रयास किया।
नेहरू कुशल लेखक भी थे। अंग्रेजी भाषा पर उनका अधिकार निर्विवाद था। उनकी पुस्तकों के पढ़ने से भारत देश का इतिहास भी स्पष्ट होता है। सब मतों और धर्मों की समानता पर भी उस राष्ट्रीय नेता ने बल दिया।
Nehru's Birthday
India's first prime minister, Pandit Jawahallal Nehru was born on 14th
November. Educated in India and abroad, Nehru always toiled towards allround
growth of Indians. Historians describe him as the Architect of Modern India. His
birthday is celebrated as Children's Day. His unbounded love for children is
the reason behind this. He had firm belief in democracy and elimination of
caste system. He often said that the progress of the country was possible on
the foundation of science. He often tried to instill scientific mindset among
people.
Nehru was also an excellent writer. His command over English language
was undisputable. One can understand the history of India by reading his books.
As a national leader, he emphasised equal treatment of all faiths and
religions.
1) भारतवर्षस्य = भारतवर्ष का। Of India; India's
2) नवम्बरमासस्य = नवम्बर महीने का। November month's
3) तस्य = उसका। His
4) प्रथमः = प्रथम, पहला। First
5) पण्डितो जवाहरलालनेहरूः = पण्डितः जवाहरलालनेहरूः।
यहां ‘पण्डितः’ का ‘पण्डितो’ हो गया है। यह एक ‘संधि’ है। ‘अः’ के बाद यदि ग, घ, ङ, ज, झ, ×ा, ड, ढ, ण, द, ध, न, ब, भ, म, य, र, ल, व, ह हो तो ‘अः’ के स्थान पर ‘ओ’ हो जाता है। इसी का एक अन्य उदाहरण है ‘अचलो विश्वास आसीत्’, जिसका मूल रूप है ‘अचलः विश्वासः आसीत्’। विसर्ग के बाद ‘व’ होने पर भी उसका ‘ओ’ हो जाता है। ‘विश्वासः’ का ‘विश्वास’ एक अन्य प्रकार की सन्धि के कारण हुआ है जिसकी चर्चा फिर कभी करेंगे। एक अन्य उदाहरण है ‘श्रेष्ठो लेखकश्चासीत्’ जिसका भी मूल रूप है ‘श्रेष्ठः लेखकः च आसीत्’।
Here ‘पण्डितः’ has become ‘पण्डितो’. This is a "sandhi". If ‘अः’ is followed by ग, घ, ङ, ज, झ, ×ा, ड, ढ, ण, द, ध, न, ब, भ, म, य, र, ल, व, ह then ‘अः’ is replaced with ‘ओ’ . Another example of this is ‘अचलो विश्वास आसीत्’ the original form of which is ‘अचलः विश्वासः आसीत्’. विश्वासः has become विश्वास due to a different kind of sandhi which will be discussed some other
time. Another example is ‘श्रेष्ठो लेखकश्चासीत्’ the original form of which is ‘श्रेष्ठः लेखकः च आसीत्’.
No comments:
Post a Comment